25 June 2015

कम से कम हाथ मिलाया करो















खुद को इतना भी बचाया न
करो
हो बारिश तो भीग जाया करो
चाँद लाकर कोई नहीं देगा
अपने चेहरे को जगमगाया करो
काम लो कुछ हसीं होठों से 
बातों बातों में मुस्कुराया करो
धूप मायूस लौट जाती है
छत पर कपड़े सुखाने आया करो
कौन कहता है दिल मिलाने को
कम से कम हाथ मिलाया करो

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